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माघ मेला में भारतीय रेलवे की अनूठी पहल
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Vikas Arya
19-01-2026

माघ मेला-2026 में लाखों श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए उत्तर मध्य रेलवे के प्रयागराज मंडल ने अनूठा कदम उठाया है। प्रयागराज मंडल ने प्रयागराज जंक्शन, छिवकी, नैनी, सूबेदारगंज पर 24 घंटे चिकित्सा सेवाएं दीं, , रेलवे ने सेवा का नया बेंचमार्क बनाया।प्रयागराज. माघ मेला-2026 में लाखों श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए उत्तर मध्य रेलवे के प्रयागराज मंडल ने अनूठा कदम उठाया है। रेलवे न केवल यात्रियों को सुरक्षित सफर करा रहा है बल्कि उनकी सेहत का भी पूरा ख्याल रख रहा है। प्रयागराज में माघ मेला में आए श्रद्धालुओं को 24 घंटे चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध रही है।प्रयागराज जंक्शन, छिवकी, नैनी और सूबेदारगंज स्टेशनों के हर प्लेटफॉर्म और यात्री आश्रय पर प्राथमिक चिकित्सा बूथ लगाए गए हैं। मुख्य स्नान पर्व से एक दिन पहले से दो दिन बाद तक ये बूथ पूरी तरह सक्रिय रहे। जंक्शन के सिटी साइड पर 6 बेड का विशेष ऑब्जर्वेशन रूम तैयार किया गया। जहां गंभीर मरीजों की निगरानी हो सकी। इसका लाभ भी श्रद्धालुओं को मिला है।पैरामेडिकल स्टाफ  24×7 ड्यूटी पर रेलवे ने गंभीर रूप से बीमार होने वालों के लिए खास इंतजाम किए। प्रयागराज जंक्शन पर 2, नैनी पर 2 और छिवकी पर 1 एंबुलेंस तैनात की गईं। केंद्रीय चिकित्सालय में 20 बेड का माघ मेला मेडिकल वार्ड बनाया गया। प्रशिक्षित डॉक्टरों और पैरामेडिकल स्टाफ को 24×7 ड्यूटी पर लगाया गया।12075 यात्रियों को इलाज मिलामेला में कुल 12075 यात्रियों को चिकित्सा सहायता दी गयी है। जिन्हें हल्की चोटें, थकान, सर्दी-खांसी जैसी परेशानियां थीं. जंक्शन के ऑब्जर्वेशन रूम में 453 लोगों का इलाज किया गया। गंभीर 10 मरीजों को जंक्शन से और 2 को छिवकी से बड़े अस्पताल रेफर किया गया। समय पर इलाज से सभी की जान बची।स्टेशनों पर लगातार जागरूकता अभियान चलाया गया। संकेतक बोर्ड, उद्घोषणा और रेलकर्मियों ने चिकित्सा सुविधाओं की जानकारी दी। फर्स्ट एड बूथ में निरंतर निगरानी होती रही। यात्रियों को तुरंत मदद मिलती रही।भीड़ ठंड के बावजूद जीरो टॉलरेंस के साथ दी सेवाएं प्रयागराज मंडल ने साबित कर दिया कि रेलवे केवल परिवहन ही नहीं करता, बल्कि यात्रियों के हर कदम पर साथ निभाता है। भीड़, ठंड और मेला विशेष परिस्थितियों में भी जीरो टॉलरेंस के साथ सेवा दी है। यह मॉडल भविष्य के मेले और भीड़भाड़ वाले आयोजनों के लिए बेंचमार्क बनेगा। रेलवे ने वादा किया है कि आगे भी ऐसे ही सेवाएं जारी रहेंगी।